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कृण्वन्तो विश्वमार्यम्

Arya

[12:38AM, 27/06/2017] Rajendra Arya: मैं सौभाग्यशाली हूँ कि मेरी धर्मपत्नी आर्या हैं, जिसने मुझे आर्य बना दिया क्योंकि शादी से पहले मैं पौराणिक था। वो सन्ध्या करतीं और मुझे रोज सन्ध्या करवाने लगीं। मुझे आनन्द आने लगा और सन्ध्या, हवन करने लगा।
उसने कभी किसी भी गुरुड़म को स्वीकार नहीं किया।

*आर्य राजेन्द्र*
[12:46AM, 27/06/2017] Rajendra Arya: